टिकटॉक के चक्कर में फिर हुआ बड़ा हादसा, टिकटॉक वीडियो बनाते पांच किशोरों की गंगा में डूबने से मौत!

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दोस्तों पुरे देश में कोरोना महामारी के बीच देश में अन्य कई हादसे हो रहे है जिनमे लोगो को अपनी जान गवानी रामनगर में शुक्रवार सुबह लगभग नौ बजे गंगा में नहाने के दौरान टिकटॉक वीडियो बनाते वक्त पांच किशोरों की डूबने से मौत हो गई। इन पांच दोस्तों में दो चचेरे भाई थे। दो घंटे बाद किशोरों के शव गंगा से निकाले जा सके। पंचनामा के बाद पुलिस ने शव परिजनों को सौंप दिए। एक साथ पांच किशोरों की मौत से रामनगर के वारीगड़ही मुहल्ले में मातम छा गया है।

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रामनगर के वारीगड़ही मस्जिद के पास रहने वाले पांच दोस्त तौसीफ (18), रिजवान (15), फरदीन (15), मो. सैफ (12) और सीवान निवासी रेहान (14) सुबह आठ बजे गंगा नहाने घर से निकले। इन्होंने मुहल्ले के ही रहने वाले दो छोटे बच्चों साहिल व मलिक को भी साथ ले लिया। रविदास पार्क के सामने उस पार रामनगर के सिपहिया घाट रेती पर पहुंचकर पांचों ने कपड़े उतारे और साहिल व मलिक को देखने के लिए बोलकर गंगा में नहाने चले गए।

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नहाते समय पांचों किशोर गंगा में उतरे और एक के कंधे पर एक बैठकर टिकटॉक वीडियो बनाने लगे। इसी दौरान मो. सैफ गहरे पानी में चला गया। उसे बचाने में पहले तौसीफ, फिर सभी ने हाथ बढ़ाये, लेकिन कोई किसी का मददगार नहीं बन सका। सभी डूबते चले गए। उन्हें डूबते देख साहिल और मलिक दौड़कर वारीगड़ही वार्ड में आये और लोगों को घटना की जानकारी दी। पुलिस को सूचना देने के साथ मोहल्ले के लोग मौके पर पहुंचे। पुलिस ने कई गोताखोरों की मदद से दो घंटे की मशक्कत के बाद पांचों शव गंगा से बाहर निकाले। आनन-फानन में सभी को लालबहादुर शास्त्री चिकित्सालय ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने सभी को मृत घोषित कर दिया।

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मृत किशोर बुनकर परिवारों से थे। उनमें तौसीफ किराये पर टोटो गाड़ी चलाने के साथ पिता रफीक की साड़ी बिनाई में भी मदद करता था। तौसीफ चार भाई व दो बहन में तीसरे नंबर का था। प्रभु नारायण इंटर कॉलेज में कक्षा आठ के छात्र रहे रिजवान के पिता मो. सईद भी हथकरघा बुनकर हैं। रिजवान तीन बहनों के बीच इकलौता भाई था। तौसीफ उसका चचेरा भाई था। फरदीन के पिता मो. मुमताज भी घर में बुनाई का काम करते हैं।

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फरदीन मदरसा इस्लामिया वारीगड़ही में कक्षा आठ में पढ़ने के साथ रामनगर की गुरुद्वारा गली में कपड़े की एक दुकान पर काम भी करता था। मदरसा में कक्षा छह के छात्र रहे मो. सैफ के पिता इब्राहिम भी बुनकर हैं। सैफ छह भाई व तीन बहन में सबसे छोटा था। रेहान के पिता नियाज उर्फ गुड्डू सऊदी अरब में लकड़ी मिस्त्री हैं। रेहान को एक भाई और एक बहन थी।